http://blogsiteslist.com
जन्म लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
जन्म लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

बुधवार, 12 नवंबर 2014

एक सोच पैदा होती है साथ लेकर अपना ताबूत अपने साथ

जब तक ईमानदारी
के साथ सहजता से
बता ना दे कोई कुछ
इस तरह कि
चेहरे पर ना बने
कोई शिकन
और आँखे भी
चुगली ना करें
सोच किसकी
कितनी गहरी है
किसी की खुद के
डूबने के लिये है
या किसी को
डुबोने के लिये है
या पार लगाने
के लिये
बिना सोचे समझे
इस को भी
उस को भी
या किसी को भी
तूफानों में भी
बहुत प्यार से
प्यार के साथ
इस जहाँ से
उस जहाँ
ना जाने
कहाँ कहाँ
होते हुऐ
तब तक कुछ
सोचा भी
नहीं जाता है
अंधेरे बंद कमरे
सोच के
जहाँ रोशन दान
भी एक खुला
छोड़ा नहीं जाता है
और सोच की
कब्र खोदने के
सारे औजार
रखे जाते हैं
वो भी जंग लगे हुऐ
सम्भाल कर
कई साल तक
सालों साल तक
ताबूत भी कई
बंद पड़े हो
एक नहीं कई कई
खाली इंतजार में
मरने की
किसी सोच के
जो बन सके
एक लाश
बंद होने के लिये
इन खाली ताबूतों में
कितनी गजब
की बात है
आदमी के मरने
के बाद ताबूत
का इंतजाम
करना पड़ता है
मरी हुई सोच
ताबूत के
साथ साथ
जन्म लेना
शुरु कर देती है ।

चित्र साभार: http://pixgood.com

LinkWithin

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...